सरसों के तेल के फायदे एवं नुकसान – Mustard Oil Benefits and Side-Effects in Hindi

सरसों के तेल के फायदे – Benefits of Mustard Oil in Hindi: सरसों का तेल से बने भोजन का अपना स्वाद है लेकिन इसके सेवन से हम कई सारे बिमारियों से बचते हैं। औषधीय गुणों से भरपूर सरसों का तेल हमें बहुत फायदे देता है। जहाँ इसके स्वास्थ्य लाभ की बात करें तो यह सेहत और सुंदरता के लिए बहुत फ़ायदेमंग होता है। सरसों के तेल से सिर्फ खाना नहीं इससे भगवान की पूजा के समय दिया जलाने के लिए भी इस्तेमाल किया जाता है। इसे सबसे शुद्ध माना जाता है। इसमें मौजूद बीटाकैरोटिन, आयरन, फैटी एसिड, कैल्शियम और मैग्नीशियम बॉडी को कई तरह की health problems से बचाते हैं। आइये जानते हैं सरसों के तेल से होने वाले स्वास्थ्य लाभ के बारे में। 

सरसों के तेल जहाँ खाना बनाने में सबसे ज्यादा इस्तेमाल किया जाता है वहीँ यह बॉडी मसाज, त्वचा बालों की अनेक समस्याओं को भी दूर करती है। यह त्वचा में होने वाले संक्रमण और शेर के विषाक्त पदार्थों से लड़ने में मदद करता है। जोड़ों में दर्द, कान दर्द में सरसों का तेल औषधि की तरह काम करती है।

सरसों के तेल के फायदे – Sarso Ke Tel Ke Fayde in Hindi

सरसों के तेल के फायदे कैंसर से बचाए

सरसों के तेल में ग्लूकोसिनोलेट नमक तत्व होता है जो एंटी-कार्सिनजेनिक गुणों से भरपूर होता है। यह शरीर में कैंसर को पनपने नहीं देता है। इसमें मौजूद विटामिन इ पराबैंगनी किरणों और अन्य प्रदुषण से त्वचा की रक्षा करता है यह त्वचा कैंसर से हमें बचाता है।

सरसों के तेल बालों के लिए फायदेमंद

सरसों के तेल की मालिश करने से हमारी बॉडी में रक्त परिसंचरण सुचारु रूप से होता है जिससे बाल बढ़ने में मदद मिलती है। इसमें ओलिक एसिड और लीनोलिक एसिड पाया जाता है, यह फैटी एसिड होते हैं जो कि बालों की ग्रोथ बढ़ाने के लिए अच्‍छी दवा है। अगर आप इस तेल को हफ्ते में दो दिन इस्‍तमाल करेंगी तो आपके बाल झड़ना बंद हो जाएंगे। यह बालों को सफ़ेद होने से भी बचता है।

सरसों का तेल के लाभ त्वचा के लिए

त्वचा को मुलायम बनाने के लिए सरसों और नारियल के तेल को मिलाएं और हल्के हाथ से मालिश करें। अब धीरे-धीरे मुलायम और गीले कपडे से चेहरे को साफ़ करें। इससे आपके चेहरे का रंग हल्का और साथ ही दाग-धब्बों से छुटकारा मिलेगी। इसके अलावा इस तेल में विटामिन ई भी होता है। अगर यह त्‍वचा पर लगाया जाता है, तो अल्‍ट्रावाइलेट और पल्‍यूशन से बचाव होता है। साथ ही यह झाइयों और झुर्रियों से भी काफी हद तक रहात दिलाता है।

सरसों के तेल के फायदे वजन कम करने में मददगार

सरसों के तेल में विटामिन की भरपूरता होने के कारण यह मेटाबोलिजम की प्रक्रिया को बनाये रखता है। मेटाबोलिजम के सनुलित होने से हमारे शरीर का वजन नियंत्रित रहता है।

सरसों के तेल के फायदे फटे होंठ सही करे

मौसम के बदलते ही हमारे होंठ और चेहरा फटने और सूखने लगता है इस दौरान आप बाहर की क्रीम न लगाकर घरेलु सरसों के तेल का उपयोग कर फाटे होंठों से छुटकारा पा सकते हैं। सोने से पहले आप एक बूंद अपनी नाभि पर लगाएं इससे आपको काफी फायदे मिलेंगे। ऐसा करने से आपको फटे और सूखे होठों से छूटकारा मिल जाएगा।

सरसों के तेल के औषधीय गुण खांसी से दे राहत

सरसों का तेल सर्दी और खांसी में काफी फ़ायदेमदं होता है यह बंद छनती और नाक बंद की समस्या दूर करता है। इसके लिए आप एक चम्मच सरसों के तेल और कपूर को मिलाएं और अपने छाती पर मालिश करें। सरसों के तेल की खुसबू श्वसन प्रणाली को गर्म करती है और कफ विकार को दूर करती है।

सरसों के तेल से लाभ सूजन कम करे

शरीर के किसी भी हिस्से में सूजन आने पर आप सरसों के तेल का उपयोग कर सकते हैं। यह शरीर के अंदुरुनी सूजन को कम करने में काफी प्रभावी होता है। सरसों का तेल गठिया दर्द से भी राहत देता है इसके लिए आप सरसों के तेल को गर्म करके 2 चम्मच, 4 लहसुन की कलियों के साथ मिक्स करें और अपने जोड़ों में रगड़ें। जैसे ही आपको जलन हो तो इस तेल का उपयोग बंद करें।

सरसों के तेल के फायदे पाचन शक्ति मजबूत करे

सरसों का तेल भूख बढ़ाने में मदद करता है। जिन लोगों को भूख कम लगती हैं उन्हें भोजन बनाने में सरसों के तेल का इस्तेमाल करना चाहिए। सरसों के तेल की मालिश रक्त के प्रभाव और पसीने की ग्रंथियों को उत्तेजित करता है। यह प्लीहा और यकृत जैसे रोगों में सहायक है।

सरसों के तेल के नुकसान – Sarso Ke Tel Ke Nuksan

यदि आप सरसों के तेल का सेवन अधिक मात्रा में करते हैं तो यह दस्त, एनीमिया और श्वसन से संबंधित बीमारियों का कारण बन सकता है।

गर्भवती महिलाओं को सरसों के तेल का ज्यादा सेवन नहीं करना चाहिए इससे शिशु के ऊपर गलत प्रभाव डालते। हैं जिससे कि गर्भपात होने का कारण भी बढ़ जाता है।

कई लोगों को सरसों के तेल से एलर्जी होनी शुरू हो जाती है। इसके सेवन से त्वचा पर लालिमा खुजली और त्वचा का सूखापन जैसे लक्षण पाए जाते हैं।

Add a Comment

Your email address will not be published. Required fields are marked *