आत्मविश्वास बढ़ाने के 10 बेहतरीन तरीके

आज का सबसे बड़ा सवाल ये है की सेल्फ कॉन्फिडेंस कैसे बढ़ाये या अपने आत्मविश्वास को बढ़ने के टिप्स क्या हैं। आत्मविश्वास एक स्थिर गुणवत्ता नहीं है बल्कि यह मानसिकता के जरिये बनता है। जब तक आपका दिमाग सही तरीके से काम नहीं करेगा तो आप खुद में कॉन्फिडेंस नहीं भर सकते है। ज़िन्दगी का वसूल है की जब तक आपके पास आत्मविश्वास नहीं है तो आप अपनी ज़िन्दगी में सफल नहीं हो सकते आगे नहीं बढ़ सकते।

बहुत से दोस्त काफी होशियार होने पर भी आगे नहीं बढ़ पाते इसका प्रमुख कारण है की उनके पास कॉन्फिडेंस नहीं है। सेल्फ कॉन्फिडेंस कैसे बढ़ाये इसके लिए आज हम आपको कुछ ऐसे तरीके बताने जा रहे है जिनकी मदद से आप अपना सेल्फ कॉन्फिडेंस को बढ़ा सकते है और किसी भी समय दिल खोलकर बात कर सकते है।

आत्मविश्वास बढ़ाने के तरीके

आत्मविश्वास बढ़ाने के तरीके

आत्मा विश्वास होने पर व्यक्ति कभी नहीं घबराता है चाहे उसे कितनी भी बड़ी मुशीबत क्यों न जाये। उसे अपने आप पर पूरा भरोसा रहता है की कैसे वह हर परेशानी को सरलता से दूर कर सकता है। आत्मविश्वास होना आपको अच्छे लबले पर लेकर जाता है जहाँ आपको कोई भी दिक्कत नहीं आती है। आत्मविश्वास आप खुद अपने आप में बना सकते है। यहाँ है सेल्फ कॉन्फिडेंस कैसे बढ़ाये के लिए बेस्ट टिप्स जिनके मदद से आपको काफी सहायता मिलेगी।

1. सकारात्मक सोच रखें

सेल्फ कॉन्फिडेंस को बढ़ावा देने के लिए सबसे पहली खूबी जो आपमें होनी चाहिए वो है सकारात्मक सोच। आपको सोच तय करती है कि आप कहा तक सोच सकते हो। आपको अपनी सोच से वो ताकत मिलती है जो आपको कोई नहीं दे सकता है। आपके दिल और दिमाग का सयोंजन होकर जो फैसला निकलता है वही आपको कॉन्फिडेंस का नया रूप देता है। इसलिए नकारातमक सोच को करे दूर और दिमाग में लाएं सकारातमकता।

2. स्वयं पर गर्व करें

विश्वास को बढ़ावा तब मिलता है जब आप अपने कार्यो से खुश हो। बहुत बार देखा गया है कि हम किसी कार्य के अधूरे या न होने पर परेशान रहते है। या फिर अपने दोस्त के कार्यो को देखते है कि वह ये कर गया मैं नहीं। जलन भावना को दूर करे और अपने कार्य से प्यार करें। अपने पर गर्व करे की मैंने इतने काम आसानी से कर दिए तो इस कार्य को भी मैं आसानी से कर सकता हूँ। पीछे आपके द्वारा कार्यो से खुश रहे और अपने दिल को मजबूत करते हुए आगे के बारे में सोचे।

3. जो आपको अच्छा लगे उसे करें

हर समय इधर उधर की न सोचे, न ही ज्यादा टैंशन में रहे। वह काम करें जो आपको अच्छा लगता हो। काम के बारे में ज्यादा समय नहीं सोचे बस करते रहे। आपको जो अच्छा लगता है उसे करने की सोचे, मूवी देखना, आराम से बैठना भी आपके विश्वास को बढ़ावा देंगे। जिससे आपको ख़ुशी मिलती है उसे करें। उस काम को करने से आपको क्या फायदा जिसे करने में आपको मजा न आ रहा हो। उससे न तो आप कुछ सिख पाओगे न ही आपको कोई विश्वास होगा। बिना विश्वास के आदमी कुछ भी नहीं कर सकता है।

4. गलती करने से नहीं घबराये

बहुत सारे दोस्त है जो पहले ही ये सोचकर घबरा जाते है कि यह कार्य उनसे होगा या नहीं। उनके दिमाग सकारात्मक सोच से भरा ही नहीं रहता है। आपको ये सोचना चाहिए की अगर आज आप गलती करोगे तभी तो आगे आपको कोई समस्या नहीं आएगी, और जो व्यक्ति गलती कर करके सीखता है वह उस कार्य को कभी भी नहीं भूलता है। गलतिया ही इंसान को सफलता की और ले जाती है। कुछ नया करने की सोचो बस और पूरी म्हणत और लगन से उसे करने की थान लो। कहते है सोच लिया तो हार है मान लिया तो जीत।

5. गंभीरता से बोलें

आपने बहुत बार अपने पसंदीदा वक्ता को सुना होगा वह कभी भी धीमे या डरे डरे नहीं बोला होगा। क्यूंकि दृढ़ता और गंभीरता से बोलने पर आपके दिल को आवाज जाती है कि आप सही जा रहे है। आपके बात करने के स्टाइल में नमी होनी चाहिए। आप कही भी पार्टी या फंक्शन्स में जाते है आपको बोलने का मौका मिले तो पुरे विश्वास से बोले, चाहे आप गलत ही क्यों न बोल रहे है। शर्माने की कोई जरूरत नहीं है। हिचकिचाहट से बोलने पर आप आगे क्या बोलना है वह भी भूल जायेंगे। ज्यादा उतावले भी नहीं होना है।

4. हमेशा खुश रहें

हर इंसान की अपनी समस्या होती है और ये समस्याएं कभी ख़त्म भी नहीं होती है, जिसकी वजह से हम ज़िन्दगी का अच्छी तरह से मजा नहीं ले पते है। अपने आप से खुश रहे, दुसरो के साथ भी बाँटें। हसने से जहा तक आपका विश्वास बढ़ता है साथ ही साथ आप कई तरह के तनाव और बीमारियों से बचते है। परेशानी में ज्यादा दुखी न होये, खुश मन से आप किसी भी परेशानी को दूर कर सकते है।  इसलिए जितना भी हो हॅसे और अपने मपसन्द कार्य करे जिससे आपको रहत मिलती हो।

5. अपनी उपलब्धियों का जश्न मनाएं

विश्वास में बढ़ावा देने के लिए यह बहुत अच्छा उपाय है कि जब भी आपको कोई कामयाबी मिलती है आप उसका जश्न मनाये। इससे आपका आत्मा विश्वास कायम होगा और कुछ बड़ा करने की सोच होगी। सफल ज़िन्दगी के लिए जरूरी है की आप मेहनत के साथ साथ अपने को भी रंगीन बनाये। जो की इस ज़िन्दगी में काफी मायने रखती है।

6. कुछ करने की ठाने

आपका दिमाग बंद तो नहीं रहता होगा, तो बस ऐसा कुछ बड़ा करने की सोचे जिससे आपको लगे की मैं काफी कुछ सिख सकता हूँ। अपने दिल से जाने कि आपके मन में क्या है, बस एक बार सुनिश्चित करे और अपने कार्य को आरम्भ करें। कुछ न करने से अच्छा है की कुछ कर रहे हो। इससे आपके आत्मविश्वास में काफी इजाफा आएगा।

7. शरीर को मजबूत बनाएं

शरीर को मजबूत बनाने का मतलब ये नहीं कि आप जिम जाना शुरू कर दें, जिम जाना भी अच्छा है लेकिन अगर शरीर को आंतरिक रूप से मजबूत करने की बात आती है, तो आपको योग करना बहुत जरूरी है। योगासन करने से व्यक्ति के शरीर की कोशिकाएं मजबूत होती है। जिसकी वजह से वह किसी भी कार्य को करने से नहीं हिचकिचाता है। इसके अलावा आप शुबह रनिंग या व्यायाम भी कर सकते है। इनसे न सिर्फ आपका आत्मविश्वास बढ़ेगा साथ ही साथ आपका शरीर फिट रहेगा।

8. अपने आपको चुनौती दें

अपने शरीर को चुनौती दे कि आप किस कार्य के लिए फिट हो। चुनौती में लहार होती है कुछ करने की तो कुछ सिखने की। अपने जिगर को मजबूत करे और एक बार ऐसा करने की सोचे जिससे आप काफी घबराते हो। अगर आप उस कार्य को करने में सफल हो गए तो वाह-वाह, अगर नहीं हुए तो 100% है की आप उसे दोबारा जरूर करेंगे और आगे बड़ी चुनौती करने का प्रण करेंगे।

9. एक छोटा सा लक्ष्य निर्धारित करें

अपने अंदर विश्वास को बढ़ने का यह अच्छा सुझाव है की आप सीधे बड़े कार्य न करने की वजाय छोटे-छोटे अवसर के जरिये अपने लक्ष्य को पाने की कोशिश करे। इससे आप आगे थोड़ा बड़ा लक्ष्य रखेंगे और धीरे धीरे आप बड़े कार्यो को आसानी से कर लेंगे। जब एक बार आपने कोई बड़ा लक्ष्य पार कर लिया तो समझ जाओ की आपके अंदर कॉन्फिडेंस बढ़ गया।

तो दोस्तों ये है सेल्फ कॉन्फिडेंस कैसे बढ़ाये के लिए बेहतरीन तरीके जिनकी मदद से आप अपने दिल को मजबूत करते हुए अपने अंदर कॉन्फिडेंस को बढ़ा सकते है। अगर आपको को समस्या हो तो आप कमेंट बॉक्स के जरिये हमें प्रश्न कर सकते है।

आत्मविश्वास की कमी क्यों होती है?

हमारी खुशी या उदासी के पीछे 40% हाथ ही में हुए कुछ घटनाओं का होता है। नौकरी या पढ़ाई में मिली असफलता, प्यार में ठुकराया जाना या फिर किसी करीबी की मौत कुछ ऐसी वजहें हैं जो हमें गहरा दर्द दे जाती हैं। और इन वजहों से हम अपना आत्मविश्वास भी खो बैठते हैं।

आत्मविश्वास कब बढ़ता है?

समय, अनुभव और ज्ञान के आधार पर धीरे-धीरे आपका आत्मविश्वास विकसित होता जाता है।

6 COMMENTS

  1. Mera problem hai Mai kisi se khul ke baat nahi kar pata or Hamesha dar sa Laga rahta hai ki aage kya bolna hai or mere me confidence bilkul v nahi hai

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